नई राह... सप्त सुरम

नई राह पर जोश फिर से नया हो नए ख्वाब सबके होठों से बयां हो आज के पलों में कल को समेट लें कल के पलों में पता नहीं क्या हो ये काफिले जीत के चलते रहें बस बाँहें थामे सब साथ बढ़ते रहें बस कोई लड़खड़ाने न पाए संगी साथी चिराग़ बन राहों पर जलते रहें बस सप्त सुरों में इंद्रधनुषी रंगों को घोल ताल बनकर बजे सारे कदमों के बोल प्यार में डूबे लय और मीठे होते जाएं जहां झूमे गाए बस अपना दिल खोल ************************ सप्त सुरम स्वदेशी प्रतिभा को और प्रखर बनाने में सदैव तत्पर है| चाहे संगीत, नृत्य, कला-कौशल, अभिनय या और भी कोई निपुणता हो, उसे हम निश्चित रूप से इस मंच पर दर्शाएंगे...स्वयं पर भरोसा रखें और शेष हम पर छोड़ दें..🙏🙏बहुत जल्द देश का विशुद्ध स्वदेशी App 'तिनक धिन' आपके मोबाइल पर उपलब्ध होगा..तब तक प्रतीक्षा करें🙏

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